
मिथिला पब्लिक न्यूज़, समस्तीपुर ।
विश्व प्रदूषण नियंत्रण दिवस के अवसर पर शनिवार को स्वास्थ्य विभाग के द्वारा जागरूकता रैली निकाली गयी.
समाहरणालय परिसर से डीडीसी अखिलेश कुमार सिंह ने रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया. रैली समाहरणालय से निकलकर शहर के काशीपुर होते हुए सदर अस्पताल में आकर समाप्त हुई. रैली में एएनएम स्कूल की छात्राओं के साथ स्वास्थ्य विभाग के कर्मियों ने हिस्सा लिया.

इस अवसर पर मौजूद सिविल सर्जन डॉ एसके चौधरी ने कहा कि समस्तीपुर प्रदूषण के मामले में रेड जोन में आ गया है. यहां का एयर क्वालिटी इंडेक्स लेवल 350 से ऊपर चला गया है. उन्होंने कहा कि इस रैली का मुख्य उद्देश्य आम जनता को प्रदूषण रोकने के लिए प्रेरित करना व प्रदूषण से होने वाले नुकसान के प्रति जागरूक करना है.

उन्होंने मीडिया के माध्यम से लोगों से अपील करते हुए कहा कि प्रदूषण की रोकथाम के लिए प्लास्टिक का कम से कम प्रयोग करें. अपने को तंदरुस्त रखने के लिए जहां तक हो शारीरिक परिश्रम करें और अधिक से अधिक पैदल चलें.

मौके पर मौजूद ईएनटी रोग विशेषज्ञ डॉ सैयद मेराज इमाम कहते हैं कि जिले की बड़ी आबादी इन दिनों सांस की तकलीफ, बंद नाक, एलर्जी, गले में कफ, सुनने की शक्ति के कम होने जैसी शिकायतों से ग्रसित हो रहे हैं. साथ ही अस्थमा, सीओपीडी, ब्रोंकाइटिस, क्रॉनिक खांसी जैसी बीमारियों से पीड़ित मरीजों की संख्या भी तेजी से बढ़ रही है. इन मरीजों की रोग प्रतिरोधक क्षमता घट रही है और इनपर दवा का असर कम हो रहा है.

इतना ही नहीं प्रदूषण से त्वचा की बीमारी में भी बढ़ोतरी हो गयी है. प्रदूषण के कारण लोगों की स्किन खराब हो रही है. लोगों में स्किन एलर्जी, त्वचा पर जलन, मुहांसे, दाद, खुजली, आंतरिक सूजन और रूखेपन सहित कई तरह की समस्याएं बढ़ गयी हैं. इस अवसर पर डीडीसी और सिविल सर्जन के साथ साथ डीपीएम ज्ञानेंद्र शेखर, सदर अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ गिरीश कुमार, डीपीसी आदित्यनाथ झा, आरिफ अली सिद्दीकी सहित कई अधिकारी मौजूद थे.













