


मिथिला पब्लिक न्यूज, कमलेश झा ।
निगरानी विभाग ने बिहार में एक बार फिर बड़ी कार्रवाई की है। निगरानी विभाग की टीम ने सोमवार की शाम एक घूसखोर दरोगा को घूस लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। पकड़े गये दरोगा की पहचान विनीत कुमार झा के रूप में की गयी है। जो बेगूसराय जिले के भगवानपुर थाना में पोस्टेड था।

उस घूसखोर दरोगा को निगरानी ने भगवानपुर से ही आरोपी को गिरफ्तार करने के लिए 15 हजार रुपए घूस लेते हुए दबोचा है। इस घटना के बाद एक बार फिर पूरे पुलिस महकमे में हडकंप मच गया है, लेकिन आम लोगों में इस कार्रवाई को लेकर बहुत खुशी है। निगरानी की टीम पकड़े गए दरोगा को लेकर पटना निकल गयी है।

बताया जाता है कि दरोगा विनीत झा भगवानपुर थाना में पदस्थापित था। निगरानी डीएसपी अरुणोदय पांडेय ने इस कार्रवाई को लेकर बताया कि भगवानपुर थाना क्षेत्र के संजात निवासी सौरभ कुमार ने थाना में मारपीट और छिनतई की एक प्राथमिक (126/24) दर्ज करा रखी थी। इसके अनुसंधानक दरोगा विनीत कुमार झा थे। इस केस में आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हो रही थी। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए अनुसंधानक विनीत वादी सौरभ कुमार से 15 हजार रुपये की मांग कर रहा था।

वादी सौरव ने इसकी शिकायत निगरानी विभाग में दर्ज कराई थी। इसके बाद उनके नेतृत्व में निगरानी विभाग की टीम ने मामले की जांच की। इसके बाद निगरानी की टीम भगवानपुर पहुंची। इसके बाद वादी सौरभ कुमार ने जैसे ही दरोगा विनीत कुमार झा को घूस के 15 हजार रुपये दिया, उसी समय निगरानी विभाग की टीम ने उसे रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।

बताया जाता है कि गिरफ्तारी के दौरान घूसखोर दरोगा ने बचने का खूब प्रयास किया। भागने की भी कोशिश की, लेकिन उसे सफलता नहीं मिली। सिविल ड्रेस में पहुंची निगरानी की टीम जब दरोगा को गाड़ी में बैठा रही थी, उस समय स्थानीय लोगों ने टीम को अपहरणकर्ता समझकर विरोध भी किया। लेकिन जब निगरानी के अधिकारियों ने कहा कि हमलोग निगरानी विभाग से हैं। रिश्वत लेते हुए इन्हें गिरफ्तार किया जा रहा है। इसके बाद लोग साइड हो गए। इसके बाद निगरानी की टीम दरोगा विनीत कुमार झा को लेकर पटना चली गई।














