
मिथिला पब्लिक न्यूज, समस्तीपुर ।
समस्तीपुर शहरवासियों के लिए जलजमाव की समस्या नासूर बन चुकी है. शहर के कई मोहल्ले में बारिश के पानी से ही बाढ़ की स्थिति बनी हुई है. इन मोहल्लों से लोगों ने पलायन शुरू कर दी है. लोग अपना घर छोड़कर किराये के मकान में रहने को मजबूर हैं. खासकर शहर के बारहपत्थर, आदर्शनगर, भुइधारा, बीएड कॉलेज मोहल्ला, वीर कुंवर सिंह कॉलोनी, काशीपुर, विवेक विहार, श्रीकृष्णापूरी, पीएनटी कॉलोनी के आसपास की स्थिति काफी खराब है.

इस मोहल्ला के दर्जनों परिवार बाढ़ पीड़ितों की तरह जिंदगी गुजार रहे हैं. जिला प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों से फरियाद करके लोग थक चुके हैं. जलजमाव की समस्या शहरवासियों को रुला रही है. जलनिकासी की ठोस व्यवस्था का दावा पूरी तरह से खोखला साबित हो गया है. इन मोहल्लों का अधिकतर भाग बारिश के पानी में डूबा हुआ है. स्थिति दिन ब दिन खराब ही होती जा रही है. कूड़े कचरे से बजबजा रहे नालों का पानी घरों में घुसा है. कई मकानों के निचले तल्ले में एक से दो फीट पानी जमा है.

लोगों को घरों से निकलकर सड़क पर आने के लिए कुछ जगहों पर चचरी पुल तक बनाना पड़ा है. वहीं कई मोहल्ला में लोग जांघ भर पानी से होकर गुजरने को मजबूर हैं. हालात से निपटने के लिए कोई माकूल व्यवस्था नहीं है. जिला प्रशासन ने कुछ मोहल्लों से पानी निकालने के लिए मोटर लगा रखी है. लेकिन वह भी पूरी तरह से कारगर साबित नहीं हो रहा है.

हालांकि इसी बीच शनिवार को समस्तीपुर के लिए एक अच्छी खबर भी निकल कर आयी है. सरकार ने समस्तीपुर में स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज सिस्टम निर्माण कार्य का वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से शिलान्यास किया है. इस ड्रेनेज सिस्टम के तैयार हो जाने से काफी हद तक जलजमाव की समस्या से निजात मिलने की उम्मीद है. इस योजना के तहत समस्तीपुर नगर निगम क्षेत्र को पांच जोन में बांट कर काम किया जायेगा. इसके तहत भुइधारा चौक पर प्रस्तावित सम्प हाउस के माध्यम से पानी को धुरलख चौक से जमुआरी में गिराया जायेगा. ताजपुर रोड इनकम टैक्स ऑफिस से शम्भूपट्टी एवं धरमपुर रेलवे गुमटी से दादपुर गुरुकुल स्कूल के समीप तक नाला का निर्माण भी कराया जायेगा.










